ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय ने धूमधाम से मनाया जन्माष्टमी।
ब्यूरो,ऋषिकेश।
______________________
प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, गीता नगर में धूमधाम से जन्माष्टमी के कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में लालमणी शास्त्री ने शिरकत की व मेडिटेशन द्वारा आध्यात्मिक अनुभूति का अनुभव लिया।
इस अवसर पर केन्द्र प्रमुख राजयोगिनी, बालब्रह्मचारिणी बी.के. आरती दीदी ने कहा जन्माष्टमी हम सबको प्रण करना है कि हमें कृष्णा को सिर्फ पूजना नहीं है बल्कि उसके जैसा बनने का पुरूषार्थ करना है। कलयुग में जब शरीर पतित व विकारी हो जाता है तो आत्मा भी काली हो जाती है, इसी को कृष्ण की काली प्रतिमा के रूप में दिखाते हैं। अब समय थोड़ा रह गया है विनाश की तैयारी प्राकृतिक आपदाओ के रुप मे सृष्टि में चल रही है, शिव परमात्मा आकर इस समय आत्मा का ज्ञान से श्रृंगार कर उसे सद्गुणो से सजा देव तुले बना रहे हैं।
बी के निर्मला बहन ने उपस्थित भाई-बहनों को संबोधित करते हुए जन्माष्टमी पर पवित्रता, सत्य और आत्मबल का संदेश एक गीत के माध्यम से दिया।
कार्यक्रम में विभिन्न सास्कृतिंक प्रस्तुतियों के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण के जीवन को दर्क्षाया गया।
पूर्व मे 15 अगस्त को 79वाँ स्वतंत्रता दिवस ऋषिकेश सेन्टर पर बड़े हर्षोल्लास से मनाया गया। प्रात: राजयोग मेडिटेशन के उपरांत ध्वजारोहण किया गया। जिसमें लगभग 90 बी.के. विद्यार्थियों ने सहभागिता की और देशभक्ति व ब्रह्माकुमारिज के नारो साथ सतयुग भारत व स्वतंत्रता सेनानियों का स्मरण किया, साथ ही 16 अगस्त जन्माष्टमी के कार्यक्रम में श्री कृष्ण की झांकी द्वारा आश्रम में आने वाले लोगों को परमात्मा शिव बाबा का संदेश दिया गया।



